नैनीडांडा महाविद्यालय में अखिल भारतीय शिक्षा समागम के तहत आयोजित हुईं विभिन्न प्रतियोगिताएं

  • राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के छह वर्ष पूर्ण होने पर विद्यार्थियों को दी गई नई शिक्षा नीति की जानकारी, पोस्टर, भाषण और लोकगीत प्रतियोगिता में दिखाया प्रतिभा

नैनीडांडा/पौड़ी गढ़वाल। स्वतंत्रता संग्राम सेनानी थान सिंह रावत राजकीय महाविद्यालय नैनीडांडा, पौड़ी गढ़वाल में अखिल भारतीय शिक्षा समागम (ABSS)-2026 के अंतर्गत राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP)-2020 के लागू होने के छह वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. धीरेन्द्र सिंह की अध्यक्षता में संपन्न हुआ।

कार्यक्रम में डॉ. पी.सी. पालीवाल ने छात्र-छात्राओं को राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के विभिन्न पहलुओं की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने नई शिक्षा नीति के उद्देश्यों, इसके माध्यम से शिक्षा व्यवस्था में किए जा रहे बदलावों तथा विद्यार्थियों के कौशल विकास और समग्र व्यक्तित्व निर्माण में इसकी भूमिका पर प्रकाश डाला।

पोस्टर प्रतियोगिता में सूर्यनारायण शाह रहे प्रथम

कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित पोस्टर प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति से जुड़े विभिन्न विषयों पर अपनी रचनात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता में बीए पंचम सेमेस्टर के सूर्यनारायण शाह ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। बीएससी प्रथम सेमेस्टर की मेघना कोरेगा द्वितीय तथा बीएससी प्रथम सेमेस्टर की श्रुति रावत तृतीय स्थान पर रहीं।

भाषण प्रतियोगिता में दिव्य नक्षत्र ने मारी बाजी

भाषण प्रतियोगिता में बीएससी तृतीय सेमेस्टर के दिव्य नक्षत्र ने प्रथम स्थान हासिल किया। बीएससी प्रथम सेमेस्टर के मनीष कुमार द्वितीय और बीए पंचम सेमेस्टर के सूर्यनारायण शाह तृतीय स्थान पर रहे।

लोकगीत प्रतियोगिता में प्रथा प्रथम

लोकगीत प्रतियोगिता में भी छात्र-छात्राओं ने शानदार प्रस्तुतियां दीं। इसमें बीए पंचम सेमेस्टर की कु. प्रथा ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। बीए पंचम सेमेस्टर की कु. प्रियोशी द्वितीय और बीए प्रथम सेमेस्टर की कु. निशा तृतीय स्थान पर रहीं।

कौशल विकास के लिए विद्यार्थियों को किया प्रेरित

महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. धीरेन्द्र सिंह ने छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए उन्हें शिक्षा के साथ-साथ अपने कौशल विकास पर विशेष ध्यान देने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए अकादमिक ज्ञान के साथ व्यावहारिक एवं कौशल आधारित शिक्षा भी आवश्यक है।

कार्यक्रम का संचालन कार्यक्रम की नोडल अधिकारी डॉ. अंजना शर्मा द्वारा किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राध्यापक डॉ. उदय कुमार, डॉ. भगवती देवी, डॉ. साधना त्रिपाठी, सत्येंद्र कुमार, डॉ. पवन कुमार एवं प्रियेक मैठाणी सहित महाविद्यालय के छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

Portaladmin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

उत्तराखंड : धामी सरकार में अपने आशियाने का सपना हो रहा साकार, दिसंबर तक 15 हजार से अधिक परिवारों को मिलेगी पक्की छत

Fri Aug 21 , 2026
पीएमएवाई (शहरी) के तहत 84 फीसदी मकान बनकर तैयार मुख्यमंत्री धामी का लक्ष्य है “हर पात्र परिवार का हो अपना घर देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में उत्तराखण्ड सरकार ने प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी (पीएमएवाई-यू) को नई गति दी है। जरूरतमंद पात्र परिवारों का अपने आशियाने का सपना साकार […]

You May Like

Share
error: Content is protected !!