बद्री विशाल के जयकारों से गुंजायमान हुई देवभूमि, ज्योतिर्मठ धाम के लिए रवाना हुई आदिगुरु की गद्दी

ज्योतिर्मठ : देवभूमि उत्तराखंड में विश्व प्रसिद्ध चारधाम यात्रा का विधिवत शंखनाद हो चुका है। इसी कड़ी में भगवान बद्री विशाल के कपाट खोलने की धार्मिक प्रक्रियाएं पूरी भव्यता के साथ शुरू हो गई हैं। मंगलवार को ऐतिहासिक नृसिंह मंदिर से आदिगुरु शंकराचार्य जी की पावन गद्दी, भगवान विष्णु के वाहन गरुड़ और पवित्र तेल कलश (गाडू घड़ा) बद्रीनाथ धाम के लिए रवाना कर दिए गए। इस दौरान पूरा जोशीमठ क्षेत्र ‘जय बद्री विशाल’ के उद्घोष से भक्तिमय हो उठा।

वैदिक मंत्रोच्चार और सैन्य धुन के बीच रवानगी

यात्रा के शुभारंभ पर नृसिंह मंदिर परिसर में स्थित लक्ष्मी मंदिर के सम्मुख मुख्य पुजारी (रावल) अमरनाथ नंबूदरी और बद्रीनाथ धाम के धर्माधिकारी आचार्य स्वयंवर प्रसाद सेमवाल द्वारा विशेष पूजा-अर्चना की गई। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच भगवान की डोलियों का अभिषेक किया गया। इसके बाद फूलों से सजी डोलियों को जब धाम के लिए रवाना किया गया, तो भारतीय सेना के बैंड की मधुर धुनों और स्थानीय ढोल-दमाऊ की थाप ने श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया।

उत्साह का माहौल: क्या बोले हक-हकूकधारी और कारोबारी

इस बार यात्रा को लेकर स्थानीय लोगों और तीर्थयात्रियों में जबरदस्त उत्साह है। स्थानीय हक-हकूकधारी निखिल पंवार ने बताया कि भक्तों की भारी आमद से पूरे क्षेत्र में सकारात्मक ऊर्जा है। वहीं, होटल कारोबारी अजय भट्ट ने कहा कि यात्रा शुरू होने से स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और इस बार रिकॉर्ड यात्रियों के पहुंचने की उम्मीद है। साधु-संतों और महिला मंगल दलों ने भी पुष्प वर्षा कर देव डोलियों का भव्य स्वागत किया।

तैयारियां पूर्ण: पहली बार मंदिरों की भव्य सजावट

बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (BKTC) के उपाध्यक्ष ऋषि प्रसाद सती ने बताया कि यात्रा को लेकर सभी तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी हैं। इस वर्ष पहली बार मंदिरों को विशेष और भव्य रूप से सजाया जा रहा है। बद्रीनाथ धाम के धर्माधिकारी आचार्य स्वयंवर सेमवाल ने पुष्टि की कि आगामी 23 अप्रैल को सुबह ठीक 6:15 बजे ब्रह्म मुहूर्त में भगवान बद्री विशाल के कपाट ग्रीष्मकाल के लिए श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए जाएंगे।

रवानगी के इस पावन अवसर पर मुख्य पुजारी रावल अमरनाथ नंबूदरी, वेदपाठी रविंद्र भट्ट, पूर्व धर्माधिकारी भुवन चंद्र उनियाल, नगर पालिका अध्यक्ष देवेश्वरी साह, देव पुजाई समिति के अध्यक्ष अनिल नंबूदरी, उपाध्यक्ष प्रकाश सती, रैकवाल पंचायत अध्यक्ष अनूप पंवार सहित विभिन्न वार्डों की महिला मंगल दल की अध्यक्ष, विभिन्न स्कूलों के बच्चे और हजारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

  • 21 अप्रैल को सभी डोलिया पांडुकेश्वर में करेगी रात्रि विश्राम
  • 22 अप्रैल को देव डोलियां बद्रीनाथ धाम पहुंचेगी
  • उद्धव और कुबेर जी की मूर्ति भी पांडू केसर से 22 अप्रैल को पहुंचेगी बद्रीनाथ
  • 23 अप्रैल सुबह 6:15 बजे बद्रीनाथ धाम के कपाट उद्घाटन।
  •  

Portaladmin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

उत्तराखण्ड : चटख धूप और बढ़ता पारा, तपिश ने किया हाल बेहाल

Tue Apr 21 , 2026
देहरादून : उत्तराखण्ड में गर्मी ने अब तेज़ी से अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है। पहाड़ से लेकर मैदानी क्षेत्रों तक चटख धूप और बढ़ते तापमान ने जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है। दिनभर की तपिश से लोगों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। […]

You May Like

Share
error: Content is protected !!